
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने लखनऊ में राष्ट्रीय सिंधी सम्मेलन को संबोधित करते हुए कहा था कि अगर राम जन्मभूमि को 500 साल बाद वापस लिया जा सकता है, तो कोई कारण नहीं कि हम सिंध को वापस नहीं ले सकते। सिंध का इलाका पाकिस्तान में हैं। सीएम योगी के इस बयान के बाद अब पाकिस्तान को मिर्ची लगी है। पाकिस्तान ने अब इसपर रिएक्शन दिया है। पाकिस्तान ने सीएम योगी की टिप्पणी को ‘गैर-जिम्मेदाराना’ बताया है। इसके साथ कहा कि उनकी टिप्पणी अखंड भारत के दावे से प्रेरित है।
सीएम योगी के बयान पर पाकिस्तान के विदेश ऑफिस ने रिएक्शन दिया। विदेश ऑफिस की प्रवक्ता मुमताज जहरा बलूच ने एक बयान में कहा, ‘हम लखनऊ में राष्ट्रीय सिंधी सम्मेलन में भारत के सत्तारूढ़ दल के प्रमुख सदस्य और यूपी के मुख्यमंत्री की गैर जिम्मेदाराना टिप्पणियों की निंदा करते हैं।’ इसके अलावा सीएम योगी को कट्टर हिंदुत्व विचारधारा मानने वाला बताया। पाकिस्तान ने इसके आगे श्रीराम जन्मभूमि को लेकर कहा कि यह जगह वास्तव में बाबरी मस्जिद की जगह थी।
‘अखंड भारत का दावा’ – भारतीय सुप्रीम कोर्ट ने लंबी सुनवाई के बाद विवादित जगह को हिंदू पक्ष को दिया था। पाकिस्तान ने कहा कि यह अखंड भारत के दावे से प्रेरित है। पाकिस्तानी प्रवक्ता ने कहा, ‘ये टिप्पणी एक संशोधनवादी और विस्तारवादी मानसिकता दिखाता है।’ उन्होंने कहा कि यह चिंता की बात है कि भाजपा और आरएसएस से जुड़े लोग अपने राजनीतिक एजेंडे के तहत इस तरह के विचारों को बढ़ा रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि भारत को अपने पड़ोसियों से विवाद खत्म करना चाहिए।
अखंड भारत से चिढ़ता है पाकिस्तान – भारत की नई संसद में दीवार पर अखंड भारत बना हुआ था। इसमें अफगानिस्तान, पाकिस्तान, मालदीव, श्रीलंका, म्यांमार, बांग्लादेश और भारत का हिस्सा दिखाया गया था। जिसे लेकर पाकिस्तान ने आपत्ति जताई थी। तब भी मुमताज जहरा बलोच ने कहा था कि यह भारत के अखंड भारत के सपने को दिखाता है। हालांकि इसे लेकर विदेश मंत्री एस जयशंकर ने कहा कि इसे समझ पाने की क्षमता पाकिस्तान में नहीं है। उन्होंने कहा कि यह सम्राट अशोक के समय का नक्शा है।
Home / News / India / पाकिस्तान से सिंध वापस क्यों नहीं ले सकते… योगी आदित्यनाथ के बयान पर पाकिस्तानी सरकार आगबबूला, उगला जहर
IndianZ Xpress NZ's first and only Hindi news website