Wednesday , March 4 2026 1:48 PM
Home / Sports / एलियुड किपचोगे ने रचा इतिहास, 1 घंटे 59 मिनट 40 सैकंड में दौड़े 42 किलोमीटर मैराथन रेस

एलियुड किपचोगे ने रचा इतिहास, 1 घंटे 59 मिनट 40 सैकंड में दौड़े 42 किलोमीटर मैराथन रेस

(12 अक्टूबर, 2019) – जिस बात को अब तक असंभव माना जाता था वो केन्या के एलियुड किपचोगे ने आज संभव करके इतिहास रच दिया है। किपचोगे धरती पर ऐसे पहले इंसान बन गए हैं जिसने 42 किलोमीटर की मैराथन को 2 घंटे से कम समय में सफलता के साथ पूरा कर लिया है। इस पूरी कवायद का लक्ष्य मैराथन रेस में 2 घंटे के बैरियर को तोड़ने की थी जिसे मानवीय क्षमता की पराकाष्ठा भी माना जा रहा था। ऑस्ट्रिया की राजधानी विएना में हुई इस मैराथन रेस में सिर्फ एलियुड किपचोगे ही नहीं दौड़ें बल्कि उनकी सहायता के लिए दुनिया भर 41 चुनिंदा मैराथन धावक भी उनके साथ दौडें और उनकी गति को बरकरार रखने के लिए पेसमेकर्स की भूमिका निभाई। इन पेस मेकर्स का काम यही था कि पांच किलोमीटर तक उनके साथ दौड़े और हर किलोमीटर को पूरा करने में 2 मिनट 50 सैकंड का टारगेट समय बरकरार रखें। और हर पांच किलोमीटर के बाद 7 पेसमेकर्स की जगह दूसरे 7 पेसमेकर्स किपचोगे के साथ दौड़ने लगते थे। इन पेसमेकर्स में 5 पेसमेकर्स कैप्टन भी थे जिनमें से बर्नार्ड लगाट मुख्य थे जो कि पहले पांच किलोमीटर और आखिरी पांच किलोमीटर तक कैप्टन होने की भूमिका निभाई। इसके अलावा एरिक किपटाऊनी ने दूसरे, छठे और आठवे चेंज में कैप्टन की भूमिका निभाई। वहीं मैथ्यू सेंट्रोविट्ज़ भी पेसमेकर्स के कैप्टन के रुप में दौड़े।

हालांकि एलियुड किपचोगे का ये रिकार्ड आईएएएफ के अधिकृत वर्ल्ड रिकार्ड के रु में दर्ज नहीं होगा क्योंकि इस रेस को सिर्फ किपचोगे ने ही पूरा किया है। साथ ही उनके साथ पेसमेकर्स भी दौड़ रहे थे जो कि हर पांच किलोमीटर पर बदल भी रहे थे। इसके अलावा पीने का पानी उन्हें टेबल से नहीं लेना पड़ रहा था बल्कि उनके हाथ में उनकी टीम के लोग पानी दे रहे थे। इन तीन वजहों के चलते इसे वर्ल्ड रिकार्ड के रुप में नहीं लिया गया।

दुनिया भर के खेल वैज्ञानिकों की इस मैराथन पर नजर थी और सभी को इस बात से आश्चर्य है कि 2 घंटे के कम वक्त में मानवीय शरीर इतनी तेज रफ्तार को लगातार बरकरार रखते हुए 42 किलोमीटर तक दौड़ सकता है। हालांकि किपचोगे के नाम पहले से ही आईएएएफ का  अधिकृत मैराथन का वर्ल्ड रिकॉर्ड है जो उन्होंने साल 2018 में बर्लिन मैराथन के दौरान 2 घंटे 1 मिनट और 39 सैकंड का समय लेते हुए बनाया था।

किपचोगे का ये रिकार्ड इतिहास की उन महान घटनाओं के समकक्ष रखा जा रहा है जिसमें 1954 में रोजर बैनिस्टर द्वारा 1 मील (1600 मीटर) की रेस को 4 मिनट से कम वक्त में पहली बार पूरी किया था या फिर साल 1969 में नील आर्मस्ट्रांग ने चांद पर पहला कदम रखा था या फिर साल 2009 में यूसैन बोल्ट ने 9.58 सैकंड में 100 मीटर की दूरी तय कर नया वर्ल्ड रिकार्ड बनाया था।

दूरी किपचोगे ने तोड़ा रिकार्ड मौजूदा वर्ल्ड रिकार्ड
42.195 किलोमीटर 1 घंटा 59 मिनट 40 सैकंड 2 घंटा 1 मिनट 39 सैकंड
40 किलोमीटर 1 घंटा 53 मिनट 36 सैकंड
35 किलोमीटर 1 घंटा 39 मिनट 23 सैकंड
30 किलोमीटर 1 घंटा 25 मिनट 11 सैकंड
25 किलोमीटर 1 घंटा 10 मिनट 59 सैकंड
20 किलोमीटर 59 मिनट 59 सैकंड
15 किलोमीटर 42 मिनट 34 सैकंड
10,000 मीटर 28 मिनट 20 सैकंड
5000 मीटर 14 मिनट 10 सैकंड