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अंडरवॉटर शूट करते वक्त मरते-मरते बचे थे ‘अवतार’ के डायरेक्टर जेम्स कैमरून, सुनाई दिल दहला देने वाली आपबीती


‘टाइटैनिक’, ‘अवतार’ और ‘अवतार 2’ जैसी फिल्में बनाने वाले डायरेक्टर जेम्स कैमरून ने वह किस्सा बताया है, जब वह The Abyss के सेट पर मरते-मरते बचे थे। यहां तक कि डीओपी का ध्यान खींचने के लिए उन्होंने उसे मुंह पर मार दिया था। यह साल 1989 की बात है, जब जेम्स कैमरून The Abyss फिल्म बना रहे थे। इस फिल्म के लिए जेम्स कैमरून एक अंडरवॉटर सीक्वेंस शूट कर रहे थे, जिसके दौरान उनकी जान पर बन आई थी।
James Cameron ने दिल दहला देने वाला पूरा वाकया ‘वैराइटी’ मैगजीन को बताया है। ऑस्कर विनिंग डायरेक्टर ने बताया है कि कैसे ‘द एब्स’ की शूटिंग के दौरान उनके सामने जिंदगी और मौत के बीच किसी एक को चुनने जैसी स्थिति पैदा हो गई थी। ऑक्सीजन टैंक खाली होने लगे थे। सांस लेने में दिक्कत हो रही थी। लेकिन किसी के पास भी पानी के बाहर खड़े फोटोग्राफर से संपर्क करने का कोई रास्ता नहीं था।
‘गैस सिलेंडर खाली हो रहे थे, कोई मुझे नहीं देख रहा था’ – जेम्स कैमरून ने उस घटना को याद करते हुए मैगजीन को बताया, ‘हमारे पास सुरक्षा गोताखोरों के रूप में एंजल्स यानी दूत थे, जो वहां मौजूद थे। हर किसी को एक या दो एक्टरों पर नजर बनाए रखने के लिए कहा गया था। लेकिन वो मुझे नहीं देख रहे थे। हर कोई लाइट सेट करने में लगा है, और कोई भी मुझे नहीं देख रहा है। मैं अंडरवॉटर फोटोग्राफी के डायरेक्टर एआई गिडिंग्स का ध्यान अपनी ओर आकर्षित करने की कोशिश कर रहा था। लेकिन एआई डाइविंग एक्सीडेंट में अपने दोनों कानों के पर्दे खो चुके थे। उन्हें कुछ सुनाई नहीं दे रहा था।’
‘एआई मुझे नहीं देख पा रहे थे, मैं चिल्ला रहा था’ – जेम्स कैमरून ने आगे बताया, ‘मैं अपनी आखिरी सांस उस अंडवॉटर पीए सिस्टम पर एआई को आवाज लगाने में बर्बाद कर रहा था। एआई का चेहरा मेरी तरफ नहीं था। वह मुझे नहीं देख पा रहे थे। यह एक चेकआउट पॉइंट था। सभी सुरक्षा गोताखोरों को आपको नीचे पकड़कर रखना सिखाया जाता है ताकि आप ऊपर की ओर जाने पर अकड़ न जाएं और आपके फेफड़े ज्यादा ने फैल जाएं।’
DOP के मुंह पर मुक्का मारा, तैरकर सतह पर आए – जेम्स कैमरून ने कहा कि उनके पास अपने सहकर्मियों को अलर्ट करने का और कोई रास्ता नहीं था। आखिरकार मजबूरी में उन्होंने अपने फोटोग्राफी के डायरेक्टर को उसके मुंह पर पंच मारा, ताकि उसका ध्यान उनकी ओर आकर्षित हो। इसके बाद जेम्स कमरून तैरकर पानी की ऊपरी सतह पर आ गए, और अपनी जान बचाई। जेम्स कैमरून ने कहा, ‘मुझे पता था कि मैं क्या कर रहा हूं। और वह मुझे जाने ही नहीं दे रहे थे। मेरे पास उन्हें यह बताने का कोई तरीका नहीं था कि रेगुलेटर काम नहीं कर रहा है। इसलिए, मैंने उसके चेहरे पर मुक्का मारा और तैरकर सतह पर आ गया, और इसलिए बच गया। लेकिन वह सीन काफी प्रभावी रहा। उसने लोगों को दिखाया कि क्या संभव था, और मुझे लगता है कि इसी से फिर सीजी एक्सप्लोजन के रास्ते खुल गए।