
नई दिल्ली: विश्व क्रिकेट में भारतीय क्रिकेट बोर्ड के प्रभुत्व को आज बड़ा झटका लगा जब दुनिया का सबसे अमीर क्रिकेट बोर्ड दुबई में आईसीसी बोर्ड बैठक के दौरान संचालन ढांचे और राजस्व माडल पर हुए मतदान में बुरी तरह हार गया। भारत की हार की रूपरेखा बीसीसीआई के पूर्व प्रमुख शशांक मनोहर ने ही तैयार की जो पहले स्वतंत्र चेयरमैन के रूप में आईसीसी के प्रमुख हैं।
संचालन ढांचे में बदलाव के मतदान में बीसीसीआई को 1-9 से शिकस्त झेलनी पड़ी जब भारत के अमिताभ चौधरी के अलावा सभी अन्य सदस्य देशों के प्रतिनिधियों ने इसके पक्ष में मत दिया। राजस्व माडल के विरोध को लेकर बीसीसीआई की आपत्ति को भी आईसीसी बोर्ड ने 8-2 से खारिज कर दिया और इस बार चौधरी को सिर्फ श्रीलंका क्रिकेट के तिलंगा सुमतिपाल का समर्थन मिला।
बीसीसीआई आईसीसी संचालन माडल में दो बदलावों का विरोध कर रहा था जिसमें पूर्ण सदस्यता की समीक्षा और दो स्तर के टेस्ट ढांचे के लिए संविधान में बदलाव शामिल है। टकराव का बड़ा मुद्दा राजस्व माडल है जिसमें भारत का हिस्सा 57 करोड़ डालर की तुलना में लगभग आधा हो जाएगा। मनोहर ने पूर्व के ‘बिग थ्री’ माडल की तुलना में अधिक बराबरी के वितरण की वकालत की थी। पूर्व माडल में भारत, आस्ट्रेलिया और इंग्लंैड को अधिक राजस्व मिल रहा था।
IndianZ Xpress NZ's first and only Hindi news website