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ईरान में 25 साल के अलीरेजा को सरकार विरोधी प्रदर्शनों के लिए फांसी, 24 घंटे पहले की थी मंगेतर से शादी


ईरान में 25 साल के सरकार विरोधी प्रदर्शनकारी अलीरेजा सेपाही को सोमवार सुबह फांसी दे दी गई। सेपाही को इस्फहान में सरकार विरोधी प्रदर्शनों के लिए मौत की सजा सुनाई गई थी। उन्हें इसी साल जनवरी में हुए देशव्यापी प्रदर्शनों के दौरान गिरफ्तार किया गया। सेपाही की वकील शहरजाद शाहबाजी ने उन्हें फांसी दिए जाने की पुष्टि की है।
फांसी से ठीक एक दिन पहले सेपानी ने अपनी मंगेतर महशाद केशानी से फोन पर हुए एक रस्म के जरिए जेल के अंदर ही शादी की। 22 साल की केशानी अभी जेल में हैं और पांच साल की सजा काट रही हैं। गिरफ्तारी से पहले ही दोनों की सगाई हो चुकी थी। उनकी शादी की रस्में मानवाधिकार वकील अमीरसलार दाऊदी ने पूरी कराईं। फांसी के पहले सेपाही को अपनी पत्नी से मिलने की मंजूरी नहीं दी गई।
जनवरी में किया गया था गिरफ्तार -साल 2001 में जन्में अलीरेजा सेपाही को 10 जनवरी 2026 को देशव्यापी विरोध प्रदर्शनों के दौरान गिरफ्तार किया गया था। उन्हें ‘अलीखानी स्क्वॉयर’ मामले में आरोपी बनाया गया था। मामले में सेपाही और 14 अन्य आरोपियों को फांसी की सजा सुनाई गई थी। सुप्रीम कोर्ट ने पहले सेपाही की न्यायिक समीक्षा की याचिका मंजूर कर ली थी और मामले को दोबारा सुनवाई के लिए एक दूसरी बेंच को भेज दिया था।
बिना सुनवाई ही खारिज हुई याचिका – मानवाधिकार संगठन HRANA ने बताया कि नई बेंच ने बिना सुनवाई किए ही याचिका खारिज कर दी और मामले को सीधे फांसी की प्रक्रिया के लिए भेज दिया। मानवाधिकार समूहों ने कार्यवाही के दौरान सेपाही के खिलाफ कथित तौर पर यातना देने, ज़बरदस्ती कबूलनामा लिखवाने और कानूनी प्रक्रिया के उल्लंघन को लेकर चिंता जताई थी।
पहले टल गई थी फांसी – सेपाही को 28 जुलाई को फांसी दी जानी थी, लेकिन इससे ठीक पहले उन्हें दिल का दौरा पड़ा। उन्हें अस्पताल ले जाया गया जिससे फांसी टल गई थी। फांसी दिए जाने से पहले रविवार को इस्फहान की दस्तगर्द जेल में एकांत कारावास में भेज दिया गया था। यहां उनके परिवार को आखिरी मुलाकात के लिए बुलाया गया था। इजरायल के चैनल N12 ने बताया कि ईरानी अधिकारियों ने सेपाही का शव उनके गृहनगर इस्फहान में दफनाने के लिए सौंपने से इनकार कर दिया। इसके बजाय परिवार को काशान जाने के लिए कहा गया।