
यूक्रेन और रूस की जंग के बीच ही नॉर्थ अटलांटिक ट्रीटी ऑर्गनाइजेशन यानी नाटो का सबसे बड़ा युद्धाभ्यास भी शुरू हो गया है। हर साल होने वाला यह परमाणु युद्धाभ्यास है जो यूरोप के देशों में होता है। नाटो की इस सबसे बड़ी वॉर एक्सरसाइज को दक्षिणी यूरोप में अंजाम दिया जाएगा। युद्धाभ्यास का मकसद नाटो के उस वादे को सुनिश्चित करना है जिसमें किसी भी परमाणु हमले का पूरा जवाब देने की बात कही गई है। एक्सरसाइज को स्टेडफास्ट नून कोडनेम दिया गया है। इस बात यह एक्सरसाइज यूरोप के देश बेल्जियम से हो रही है। यह देश काफी खास है क्योंकि ये उन छह एयरबेसेज में एक है जहां पर अमेरिका ने परमाणु बम छिपाकर रखे हैं। बेल्जियम का क्लेन ब्रोगेल एयरबेस अमेरिका की लाइफ लाइन है।
नाटो की इस एक्सरसाइज का आयोजन यूं तो हर साल होता है लेकिन इस बार यह काफी खास हो गई है। द्वितीय विश्व युद्ध के बाद रूस और यूक्रेन पारंपरिक जंग के बीच ही इस एक्सरसाइज का होना बड़ा संकेत है। रूस के साथ जारी टेंशन और अनिश्चितता के बीच ही इस युद्धाभ्यास को कूटनीति का बड़ा हिस्सा बताया जा रहा है। नाटो का कहना है कि यह एक रूटीन परमाणु एक्सरसाइज है लेकिन बाकी दुनिया के लिए यह यूरोप में रूस की घेराबंदी का जरिया है। इस एक्सरसाइज की वजह से असाधारण परमाणु युद्ध और तनाव बढ़ने के पूरे आसार हैं।
Home / News / अमेरिका ने यूरोप में कहां रखे हैं परमाणु बम, रूस से निबटने की पूरी तैयारी, क्या F-16 से बरसेगी तबाही?
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