
ताइवान की संसद में मारपीट देखने को मिली है। एक नए नियम को लेकर सांसद आपस में भिड़ गए। बड़े पैमाने पर संसद में अराजकता का माहौल देखा गया है। सांसदों ने एक दूसरे पर लात घूसे चलाए। कार्यों की निगरानी पर सांसदों को अधिक शक्ति देने वाले प्रस्ताव पर बहस के दौरान लड़ाई हुई।
ताइवान की संसद में शुक्रवार को बड़े पैमाने पर अराजकता का माहौल देखा गया। यहां एक सुधारों से जुड़े सेट पर तीखी बहस के दौरान सांसदों ने एक दूसरे पर लात घूसे चलाए। मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक सांसदों के बीच हाथापाई तब हुई जब संसद में सांसदों को सरकार के कार्यों की निगरानी के लिए अधिक शक्ति देने वाले प्रस्ताव पर बहस होने वाली थी। सोशल मीडिया पर आए एक वीडियो में सांसदों को फाइलें छीनते और संसद से बाहर भागते हुए देखा गया। एक अन्य वीडियो में कुछ सांसदों को स्पीकर की सीट घेरे हुए देखा गया, जिसमें से कई टेबल पर कूद रहे हैं।
सोशल मीडिया पर आए वीडियो को देखकर लोगों ने कहा कि ये संसद नहीं बल्कि सर्कस है। कई सांसद एक दूसरे को फर्श पर खींच रहे हैं। रिपोर्ट में कहा गया कि लड़ाई रुक गई, लेकिन दोपहर तक जारी रही। यह विवाद नवनिर्वाचित राष्ट्रपति लाई चिंग-ते के सोमवार को विधायी बहुमत के बिना पद संभालने से कुछ दिन पहले हुआ है। एक वीडियो में दिख रहा है कि सांसद एक दूसरे पर चढ़ने की कोशिश में जमीन पर गिर रहे हैं। डेमोक्रेटिक प्रोग्रेसिव पार्टी (DPP) और कुओमितांग (KMT) कथित तौर पर नए कदम पर लड़ रहे थे, जो संसद में गलत बयान देने वाले अधिकारियों को अपराधी बनाता है।
संसद में खोया बहुमत – विधायकों के सदन में आने से ही पहले बहस गर्म हो गई और सदस्यों के बीच सदन के बाहर एक दूसरे पर आरोप-प्रत्यारोप शुरू हो गया। नई सरकार का गठन पहले से ही विवाद में है, क्योंकि लाई की डीपीपी ने जनवरी में चुनाव जीतने के बावजूद संसद में अपना बहुमत खो दिया है। रिपोर्ट में कहा गया है कि विपक्षी केएमटी के पास डीपीपी से अधिक सीटें हैं, लेकिन यह बहुमत के लिए पर्याप्त नहीं हैं। वह टीपीपी के साथ गठबंधन बनाने की कोशिश कर रही है, जो संसद की 113 सीटों में से आठ को नियंत्रित करती है।
डीपीपी पर बड़ा आरोप – केएमटी पार्टी की सदस्य जेसिका चेन ने डीपीपी पर एक पार्टी के रूप में निरंकुश शक्तियां चाहने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि सुधार कार्यकारी शाखा की बेहतक विधायी निगरानी को सक्षम करने के लिए थे। मिलिट्री जैसा एक हेलमेट पहने हुए उन्होंने कहा, ‘डीपीपी नहीं चाहती कि इसे पारित किया जाए, क्योंकि वे हमेशा सत्ता पर एकाधिकार करने के आदी रहे हैं।’ यह पहली बार नहीं है जब ताइवान की संसद में लड़ाई हुई है।
En Taiwán se propuso una reforma constitucional y un diputado que estaba en contra agarró el proyecto Y SE LO LLEVÓ PARA QUE NO LO PUEDAN TRATAR sjsjsjs si lo ves en una película no lo crees pic.twitter.com/yoWlBojoEr
— juli🔮 (@cronopiatw) May 17, 2024
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