
पाकिस्तान में लॉकडाउन की अवधि बढ़ा दी गई है लेकिन साथ ही अलग-अलग क्षेत्रों में लॉकडाउन में छूट दी गई है। उद्योग धंधों में छूट तो दी ही गई है वहीं मस्जिदों में भी रोज नमाज पढ़ी जाएगी
पाकिस्तान लगाए गए लॉकडाउन को 30 अप्रैल तक बरकरार रखने की घोषणा की गई है लेकिन इसमें कुछ उद्योगों और मस्जिद में नमाज को छूट दी गई है। यहां की प्रांतीय सरकारों ने अपने यहां लॉकडाउन घोषित किया था जिसकी मियाद सोमवार को समाप्त हो गई और इसके विस्तार पर मंगलवार को समीक्षा बैठक की गई। उधर, लॉकडाउन के दौरान दी गई छूट पर विपक्षी पाकिस्तान पीपल्स पार्टी (पीपीपी) ने सरकार पर हमला बोला है और उन्होंने सरकार पर ‘गुड बाय लॉकडाउन’ का तंज मारा है।
स्कूल-कॉलेज पहले की तरह रहेंगे बंद
डॉन वेबसाइट की रिपोर्ट के मुताबिक, पीएम इमरान खान ने कहा कि स्कूल-कॉलेज, खेल के आयोजन, सिनेमा सहित उन सभी जगहों पर प्रतिबंध रहेगा जहां लोग बड़ी संख्या में जुटते हैं। इमरान खान ने मीडिया को नैशनल कोऑर्डिनेशन कमिटी की बैठक में लिए गए फैसले की जानकारी देते हुए कहा कि कोरोना वायरस के खिलाफ जंग दो मोर्चे पर लड़ी जाएगी। इनमें से एक कोरोना वायरस के प्रसार को रोकना है जिसके तहत लोगों को सरकार के द्वारा जारी निर्देश का पालन करना होगा।
लॉकडाउन या मजाक,कंस्ट्रक्शन सहित कई उद्योगों पर रोक नहीं
पाकिस्तान की इकॉनमी को हो रहे नुकसान से बचने के लिए इमरान ने लॉकडाउन 16 दिन के लिए बढ़ाने का फैसला किया। लेकिन जिस तरह से उद्योगों को छूट दी गई है उससे यही सवाल हर कोई कर रहा है कि यह किस तरह का लॉकडाउन है, तब जब देश में कोरोना के मामले 5 हजार से अधिक हो गए हैं। इंडस्ट्री मिनिस्टर हम्मद अजहर ने सरकार के कदमों की जानकारी देते हुए कहा कि उन उद्योगों को चिह्नित किया है जिनमें वायरस फैलने का खतरा कम है।
सरकार ने उद्योगों की लिस्ट जारी की जिन्हें लो-रिस्क वाला बताया गया है। माइन्स-मिनरल्स, ड्राई क्लीनरर्स, ग्लास मैनुफैक्चरिंग, हॉर्टिकल्चर नर्सरी, वेटेरिनरी सर्विस, बुक व स्टेशनरी शॉप, सीमेंट व फर्टीलाइजर प्लांट, वैसे उद्योग जिसमें कामगार परिसर के भीतर काम करते हैं, उन्हें छूट मिली है।
मौलवियों की धमकी के आगे झुके इमरान, मस्जिद में रोज नमाज
लॉकडाउन में दी गई छूट से लोगों को जिस बात से सबसे ज्यादा हैरानी हो रही है वह है मस्जिदों में पढ़ी जाने वाली नमाज। मस्जिदों पर लॉकडाउन लागू नहीं होगी। ताकी उस्मान ने उलेमाओं से बातचीत के बाद मीडिया को बताया कि बुजुर्गों को घर में नमाज पढ़ने को कहा गया है जबकि नियमित नमाज मस्जिद में जारी रहेगी। उन्होंने कहा, ‘लोगों की पंक्ति में पर्याप्त जगह होगी।’ शुक्रवार की नमाज और रमजान के दौरान तरविह के लिए प्रबंध किया जाएगा। उल्लेखनीय है कि वफकुल मदरिस अल अरबिया के वरिष्ठ मौलवियों ने इमरान सरकार को आगाह किया था कि मस्जिदों में आगे जमावड़े पर वह कोई रोक न लगाई जाए।
सुप्रीम कोर्ट ने लगाई थी लताड़, अब विपक्ष ने साधा निशाना
कोरोना वायरस मामले पर उपयुक्त कदम न उठाने पर सुप्रीम कोर्ट ने इमरान सरकार को लताड़ लगाई थी और पीएम इमरान खान के विशेष सलाहकार जफर मिर्जा को हटाने का आदेश सुना दिया था। मिर्जा कोरोना वायरस से संबंधित मामले को देख रहे थे। उधर, लॉकडाउन संबंधी आज के फैसले पर विपक्षी पीपीपी हमलावर हो गई है। पार्टी नेता शरजील इनाम मेमन ने कहा, ‘सभी मस्जिद खुले रहेंगे और लॉकडाउन उन पर लागू नहीं होगा: मुफ्ती मुनीब। सभी दुकानें खुली रहेंगीः पाक टेडर्स असोसिएशन। कंस्ट्रक्शन उद्योग और कुछ और बिजनस खुले रहेंगे: इमरान खान। सभी सरकारी दफ्तर खुले रहेंगेः पंजाब सरकार। बाय बाय लॉकडाउन’।
Home / News / पाक में ये कैसा लॉकडाउन, 30 अप्रैल तक विस्तार लेकिन खुले रहेंगे उद्योग-धंधे, मस्जिदों में रोज होगी नमाज
IndianZ Xpress NZ's first and only Hindi news website