
भारत और पाकिस्तान के द्विपक्षीय रिश्तों में जारी लंबे समय से जारी तनाव के बीच नई दिल्ली ने इस्लामाबाद, बीजिंग समेत SCO के 10 सदस्य देशों को समिट की होने वाली बैठक में शामिल होने के लिए आमंत्रित किया है। SCO के सिविलाइजेशनल डायलॉग फोरम की बैठक अगले महीने नई दिल्ली में होने वाली है, जिसमें पाकिस्तान के संस्कृति मंत्री औरंगजेब खान खिची को शामिल होने के लिए न्योता भेजा गया है।
शंघाई सहयोग संगठन सिविलाइजेशनल डायलॉग फोरम की मेजबानी भारत पहली बार कर रहा है। यह बैठक 20 से 22 नवंबर को होने वाली है। इस बैठक के लिए भारत ने SCO के 10 सदस्य देशों पाकिस्तान, चीन, रूस, ईरान, बेलारूस, कजाकिस्तान, किर्गिस्तान, ताजिकिस्तान, उज्बेकिस्तान को न्योता भेजा है। SCO के दो पर्यवेक्षक देश भी हैं, जिसमें अफगानिस्तान और मंगोलिया शामिल हैं। इसके साथ ही संवाद साझेदार देशों के भी इस बैठक में शामिल होने के लिए आमंत्रित किया जा रहा है। इस बैठक में भाग लेने वाले देशों की संख्या 25 तक पहुंच सकती है।
पीएम मोदी ने रखा था प्रस्ताव – प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस मंच का प्रस्ताव पिछले साल चीन के तियानजिन में आयोजित SCO शिखर सम्मेलन के दौरान रखा था। इसका उद्देश्य सदस्य देशों के बीच सांस्कृतिक समझ और लोगों के आपसी संपर्क को बढ़ावा देना है।
पीएम मोदी ने क्यों दिया था प्रस्ताव? – SCO के सदस्य देशों के बीच सांस्कृतिक विरासत, ऐतिहासिक संबंधों को बढ़ावा देना इस पहल का मुख्य उद्देश्य है। भारत की ओर से प्रस्तावित यह मंच ऐसे समय में आगे बढ़ रहा है, जब क्षेत्रीय सहयोग की जरूरत के साथ भारत-पाकिस्तान संबंधों में भी तनाव बना हुआ है। साथ ही पश्चिम एशिया में युद्ध की आग झेल रहा है।
क्या भारत-पाकिस्तान के बीच सुधर रहे रिश्ते? – भारत-पाकिस्तान के बीच लंबे समय से कोई द्विपक्षीय बातचीत नहीं हुई है। हालांकि SCO समिट की होने वाली बैठकों में दोनों देश सक्रिय रूप से भाग लेते रहे हैं। मई 2023 में पाकिस्तान के तत्कालीन विदेश मंत्री बिलावल भुट्टो जरदारी ने गोवा में आयोजित SCO के विदेश मंत्रियों की बैठक में शामिल हुए थे। वहीं अक्टूबर 2024 में भारत के विदेश मंत्री एस जयशंकर SCO के शासनाध्यक्षों की बैठक में हिस्सा लेने पाकिस्तान गए थे। उस वक्त दोनों देशों के कोई अलग से बैठक नहीं हुई थी। ऐसे में भारत-पाकिस्तान के संबंधों सुधार की गुंजाइश फिलहाल कम है।
पाकिस्तान फिलहाल SCO समिट की अध्यक्षता कर रहा है। ऐसे में इस्लामाबाद अगले साल संगठन के राष्ट्राध्यक्षों के शिखर सम्मेलन की मेजबानी करेगा। वहीं पहलगाम आतंकी हमले के बाद भारत-पाकिस्तान के बीच बातचीत काफी सीमित है। हालांकि हाल में ही भारत ने SCO के राष्ट्रीय समन्वयक आलोक डिमरी को पाकिस्तान भेजा था। उन्होंने अगले साल पाकिस्तान में होने वाले SCO शिखर सम्मेलन से पहले संगठन के एजेंडे और बैठकों की तैयारियों से जुड़ी उच्चस्तरीय चर्चा में हिस्सा लिया। पहलगाम हमले के बाद दोनों देशों के बीच वरिष्ठ स्तर पर यह पहली यात्राओं में से एक थी।
तनाव के बीच क्षेत्रीय मंच की अहमियत – भारत-पाकिस्तान के रिश्तों में गतिरोध के बावजूद SCO दोनों देशों को बहुपक्षीय बैठकों में भाग लेने का अवसर देता रहा है। सभ्यतागत संवाद मंच की बैठक भी इसी व्यापक सहयोग का हिस्सा है। हालांकि, इस निमंत्रण को दोनों देशों के बीच द्विपक्षीय संबंधों में सुधार का संकेत मानना अभी जल्दबाजी होगी। इसकी अहमियत फिलहाल संगठन के साझा मंच पर दोनों देशों की संभावित भागीदारी तक सीमित है।
Home / News / India / SCO की बैठक के लिए भारत ने पाकिस्तान-चीन समेत 10 देशों को भेजा न्योता, सुधरेंगे दोनों देशों के बीच रिश्ते?
IndianZ Xpress NZ's first and only Hindi news website