Thursday , November 5 2026 3:03 AM
Home / News / अमेरिका भी जो न कर पाया, वो भारत ने कर दिखाया, रूस-यूक्रेन से आया ग्रीन सिग्नल

अमेरिका भी जो न कर पाया, वो भारत ने कर दिखाया, रूस-यूक्रेन से आया ग्रीन सिग्नल


अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की कोशिशों के बावजूद रूस और यूक्रेन के बीच चार साल से ज्यादा समय से जारी युद्ध का अब तक कोई समाधान नहीं निकल पाया है. हालांकि, अब भारत की पहल से युद्ध खत्म होने की उम्मीद बढ़ी है. भारत ने युद्ध समाप्त करने के लिए तीन सूत्रीय सीजफायर प्रस्ताव पेश किया है. इस प्रस्ताव पर रूस और यूक्रेन दोनों की ओर से सकारात्मक प्रतिक्रिया सामने आई है.
रूस के राष्ट्रपति कार्यालय क्रेमलिन के प्रवक्ता दिमित्री पेस्कोव ने बुधवार को कहा कि रूस यूक्रेन से जुड़े मौजूदा हालात के समाधान के प्रयासों में भारत के योगदान का स्वागत करता है. मीडिया में आई उन खबरों पर पेस्कोव से प्रतिक्रिया मांगी गई थी, जिनमें कहा गया था कि भारत ने यूक्रेन संघर्ष के शांतिपूर्ण समाधान के लिए तीन चरणों वाला नया प्रस्ताव भेजा है.
सरकारी समाचार एजेंसी तास के मुताबिक, पेस्कोव ने कहा कि भारत ने यूक्रेन से जुड़े मौजूदा हालात के समाधान में व्यावहारिक योगदान देने की अपनी तत्परता जाहिर की है. उन्होंने कहा कि रूस अपने भारतीय मित्रों की इस पहल और उनके सुझावों के लिए आभारी है.
यूक्रेन ने भी भारत के प्रस्ताव को बताया सबसे व्यापक – भारत की पहल को लेकर यूक्रेन की ओर से भी सकारात्मक संकेत मिले हैं. यूक्रेन के विदेश मंत्री आंद्री सिबिहा ने हाल ही में कीव में पत्रकारों से बातचीत में कहा था कि उनके पास युद्धविराम से जुड़े चार प्रस्ताव हैं. इनमें भारत का प्रस्ताव सबसे व्यापक है.
सिबिहा ने कहा था कि यूक्रेन ऊर्जा क्षेत्र और काला सागर से जुड़े मुद्दों पर युद्धविराम के लिए तैयार है. हालांकि, उनका कहना था कि दोनों क्षेत्रों से जुड़े युद्धविराम को एक साथ लागू किया जाना चाहिए. जानकारी के मुताबिक, युद्धविराम के लिए अन्य प्रस्ताव तुर्की, मिस्र और अमेरिका की ओर से आए हैं.