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अमेरिका ने किया अंतरराष्ट्रीय ट्रैवल बैन हटाने का ऐलान, वैक्सीन से लेकर मास्क तक… भारतीय भी जान लें नए नियम

अमेरिका ने कोरोना वायरस के चलते अब तक लगे इंटरनैशनल ट्रैवल बैन को नवंबर की शुरुआत से हटाने का ऐलान किया है। नए ट्रैवल सिस्टम के तहत वैक्सीन लगवा चुके लोगों को अभ सफर की इजाजत होगी। इस फैसला का फायदा भारत से अमेरिका जाने की राह देख रहे लोगों को भी होगा। वाइट हाउस ने सोमवार को इस बारे में जानकारी दी है। साल 2020 की शुरुआत में चीन में वायरस फैलने के साथ ही अमेरिका ने ट्रैवल बैन लगा दिया था।
क्या हैं नए नियम? : नए नियमों के तहत अमेरिका आने वाली फ्लाइट पर बैठने से पहले यात्रियों को पूरे वैक्सिनेशन का सबूत देना होगा। फ्लाइट से तीन पहले कोविड-19 टेस्ट कराना होगा और इसके निगेटिव नतीजे दिखाने होंगे। क्वारंटीन की अनिवार्यता को खत्म कर दिया गया है लेकिन कॉन्टैक्ट ट्रेसिंग और मास्क लगाने पर जोर रहेगा। इससे पहले अप्रैल में राष्ट्रपति जो बाइडेन ने भारत से गैर-अमेरिकी नागरिकों के आने पर रोक लगा दी थी।
बच्चों को होगी छूट : वाइट हाउस के कोविड-19 रेस्पॉन्स कोओर्डिनेटर जेफ जींट्स का कहना है कि लोगों को सुरक्षित रखने और वायरल को फैलने से रोकने के लिए फिलहाल सबसे बड़ा हथियार वैक्सीन ही है। फिलहाल बच्चों की वैक्सीन नहीं आने के चलते उनके लिए इस नियम में छूट दी गई है। वहीं, नए नियम मेक्सिको और कनाडा से जमीन के रास्ते ट्रैवल पर भी लागू नहीं हैं।
अभी क्या हैं नियम? : फिलहाल ऐसे गैर-अमेरिकी नागरिकों को अमेरिाक में एंट्री नहीं है जो 14 दिन पहले ब्रिटेन, यूरोप में बिना सीमा नियंत्रण वाले 26 Schengen देशों, आयरलैंड, चीन, भारत, दक्षिण अफ्रीका, ईरान या ब्राजील से आए हों। सिर्फ अमेरिकी नागरिकों, उनके परिवारों, ग्रीन कार्ड धारकों और national interest exemptions (NIE) के तहत आने वालों को इसके लिए छूट मिली थी जो 14 दिन पहले EU या ब्रिटेन में रहकर आए हों।
रिपोर्ट्स के मुताबिक एयरलाइन कंपनियां अमेरिकी सरकार के ऊपर दबाव बना रही थीं लेकिन तेजी से फैल रहे डेल्टा वेरियंट (Delta Variant) के खतरे को देखते हुए इसमें जल्दबाजी नहीं की गई। नए नियमों के तहत कॉन्टैक्ट ट्रेसिंग आसान करने के लिए एयरलाइंस को भी यात्रियों की जानकारी रखनी होगी।