
भारत ने तीसरे इंडो-यूके होम अफेयर्स बातचीत के दौरान शराब कारोबारी विजय माल्या और पूर्व आईपीएल मैनेजर ललित मोदी के प्रत्यर्पण के लिए मदद मांगी है। बुधवार को शुरू हुई तीसरी बातचीत के दौरान नई दिल्ली ने लंदन से भारत विरोधी गतिविधियों पर भी चिंता जाहिर की। भारत ने ब्रिटेन सरकार से कहा कि ब्रिटिश क्षेत्र को कश्मीरी और खालिस्तान अलगाववादियों की गतिविधियों के लिए इस्तेमाल करने की अनुमति ना दें।
गृह मंत्रालय ने अपने बयान में बताया कि यूके में रहने वाले भारतीय भगोड़ों और आर्थिक अपराधियों पर दोनों पक्षों के बीच विचारों का विस्तृत बातचीत हुई। भारतीय प्रतिनिधिमंडल ने ब्रिटेन के अधिकारियों को प्रत्यर्पण की प्रक्रिया में तेजी लाने की जरूरत पर जोर दिया।
भारतीय गृह सचिव राजीव गौबा की अगुवाई में भारतीय प्रतिनिधिमंडल ने ब्रिटेन में अतिवादी समूहों की गतिविधियों की निगरानी करने और उनके खिलाफ आवश्यक कार्रवाई करने का आग्रह किया है। यूके में अलगाववादी समूहों पर खूफिया जानकारी समय पर ब्रिटेन के दूसरे स्थाई सचिव पात्सी विल्किन्सन की अध्यक्षता में ब्रटेन की टीम से भी अनुरोध किया गया।
भारत और ब्रिटेन ने पिछले महीने लंदन में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की यात्रा के दौरान अंतरराष्ट्रीय अपराध का मुकाबला करने और गंभीर संगठित अपराध से निपटने के उद्देश्य से जानकारी के आदान-प्रदान पर समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए थे।
IndianZ Xpress NZ's first and only Hindi news website