
न्यूयॉर्क। संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद के सदस्य के रूप में शुक्रवार को भारत को लेकर चुनाव हुआ। एशिया-प्रशांत क्षेत्र से भारत को इस चुनाव में ऐतिहासिक जीत मिली है। अब भारत संयुक्त राष्ट्र की शीर्ष मानवाधिकार संस्था में तीन साल के लिए सदस्य बन गया है। हालांकि भारत का कार्यकाल एक जनवरी 2019 से शुरू होगा।
जानकारी के मुताबिक भारत को गुप्त मतदान के बाद भारी वोट मिले है। उसे एशिया-प्रशांत श्रेणी में 188 वोट मिले हैं। भारत इससे पहले भी दो बार मानवाधिकार परिषद का सदस्य रह चुका है। बता दें कि संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद के सदस्य के रूप में भारत का निर्विरोध निर्वाचन लगभग पहले ही तय माना जा रहा था।
संयुक्त राष्ट्र की 193 सदस्यीय महासभा के लिए शुक्रवार को चुनाव हुआ। सभी सदस्य अगले तीन साल के लिए मानवाधिकार परिषद के सदस्य बनेंगे। नये सदस्यों का चुनाव गुप्त मतदान द्वारा पूर्ण बहुमत के आधार पर किया जाता हैं। परिषद में चुने जाने के लिए किसी भी देश को कम से कम 97 वोट की आवश्यकता होती है।
एशिया-प्रशांत क्षेत्र से मानवाधिकार परिषद में कुल पांच सीटें हैं। जिनके लिए भारत के अलावा बहरीन, बांग्लादेश, फिजी और फिलीपीन ने नामांकन भरा था। पांच सीटों के लिए पांच दावेदारों के होने से इन सभी देशों का निर्विरोध चुनाव लगभग तय था। चुनाव से पहले संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थाई प्रतिनिधि सैयद अकबरूद्दीन ने ट्वीट किया, ‘बहरीन, बांग्लादेश, फिजी, भारत और फिलीपीन ने संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद में एशिया-प्रशांत क्षेत्र की पांच सीटों के लिए दावा पेश किया।’
IndianZ Xpress NZ's first and only Hindi news website