
हॉलीवुड स्टार केट ब्लैंचेट का कहना है कि फेमिनिज्म या नारीवाद का तात्पर्य समानता से है। अभिनेत्री ने कहा, “मैं हमेशा एक फेमिनिस्ट के रूप में पहचानी गई हूं लेकिन अस्सी व नब्बे के दशक में एंटी वेव का भी हिस्सा रही हूं। नारीवाद एक गंदा शब्द था। 1970 के दशक में जिस पर बात चल रही थी, मेरे ख्याल से 1980 और 1990 के दशक में भी यह नकारात्मक रूप से जारी रही।”
उन्होंने आगे कहा, “फेमिनिस्ट होने का मतलब यह था कि आप परिवार-विरोधी हैं और यह मेरे लिए एक अभिशाप की तरह से था। मेरे मुताबिक नारीवाद मूल रूप से समानता के बारे में है लेकिन इसका मतलब यह भी है कि अगर किसी के हाथ में शक्ति है तो उसे इन शक्तियों को दूसरों संग साझा करना होगा और यही कई लोगों के लिए डर का कारण बना। सच्ची शक्ति आत्म-सम्मान और दूसरों के प्रति सम्मान के बारे में है।”
अभिनय की बात करें तो ब्लैंचेट ‘मिसेज अमेरिका’ में फीलिस श्लाफली का किरदार निभा रही हैं। इसे भारत में स्टार वल्र्ड पर प्रसारित किया जाता है। यह 1970 के दशक में श्लाफली के नेतृत्व में समान अधिकार में बदलाव के लिए आंदोलन की कहानी बयां करती है।
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