Wednesday , July 1 2026 7:28 PM
Home / News / ईरान के खिलाफ फिर से हमले की तैयारी में अमेरिका, ट्रंप के प्लान से होर्मुज पर खतरा, भारत की बढ़ेगी टेंशन

ईरान के खिलाफ फिर से हमले की तैयारी में अमेरिका, ट्रंप के प्लान से होर्मुज पर खतरा, भारत की बढ़ेगी टेंशन


होर्मुज जलडमरूमध्य पर तनाव के बीच अमेरिका और ईरान के बीच एक बार फिर जंग शुरू हो सकती है। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ईरान के खिलाफ फिर से बड़े पैमाने पर सैन्य अभियान शुरू करने पर विचार कर रहे हैं। वॉल स्ट्रीट जनरल ने अमेरिकी अधिकारियों के हवाले से यह जानकारी दी है। रिपोर्ट में यह भी कहा गया है कि फिलहाल ट्रंप ने परमाणु कार्यक्रम पर बातचीत जारी रखने की अनुमति दी है।
हाल के दिनों में ट्रंप ने रक्षा मंत्री पीट हेगसेथ और जॉइंट चीफ्स ऑफ स्टाफ के चेयर जनरल डैन केन के साथ और हमले करने की संभावना पर चर्चा की है। इस बातचीत में इस बात पर गौर किया गया कि क्या वॉशिंगटन को कूटनीतिक रास्ता छोड़कर बड़े पैमाने पर हमले फिर से शुरू करने चाहिए। अधिकारियों ने इसे काम पूरा करने की कोशिश बताया है।
ट्रंप ने दिया ईरान पर हमले का संकेत – राष्ट्रपति ट्रंप ने हाल के दिनों में संकेत दिया है कि अगर ईरान समझौते का उल्लंघन करता है तो वे एक बार के हमलों की इजाजत दे सकते हैं। यह पिछले सप्ताह हुई घटना की तरह है, जिसमें अमेरिकी सेना ने ईरान के ठिकानों पर हमले किए थे। WSJ की रिपोर्ट के मुताबिक, ट्रंप ने अभी तक कोई फैसला नहीं लिया है। फिलहाल उन्होंने अपने सहयोगियों से कहा है कि वे बातचीत को और समय देने के लिए तैयार हैं। ताकि एक संभावित न्यूक्लियर डील को आगे बढ़ने के लिए जगह मिल सके।
रिपोर्ट में कहा गया है कि ट्रंप ने तर्क दिया कि हमलों का पूरा दौर डिप्लोमेसी को कमजोर कर सकता है। इससे ईरान के न्यूक्लियर प्रोग्राम को खत्म करने में वॉशिंगटन के सामने मुश्किल आ सकती है।
ईरान ने कहा- युद्ध के लिए तैयार – इस बीच ईरान के मुख्य वार्ताकार मोहम्मद बाकर गालिबाफ ने कहा है कि अमेरिका के साथ बातचीत तेहरान की प्राथमिकता है, लेकिन वह युद्ध के लिए भी तैयार है। सरकारी टीवी पर एक इंटरव्यू में गालिबाफ ने कहा, हम बातचीत कर रहे हैं, लेकिन अगर बातचीत का कोई नतीजा नहीं निकलता तो हम युद्ध के लिए भी तैयार हैं।
होर्मुज जलडमरूमध्य पर फिर आ सकता है संकट – अगर अमेरिका और ईरान के बीच फिर से जंग शुरू होती है, तो होर्मुज जलडमरूमध्य से जहाजों की आवाजाही बाधित हो सकती है। फरवरी के आखिर में अमेरिका और इजरायल के हमले के बाद ईरान ने होर्मुज जलडमरूमध्य के अहम ऊर्जा जलमार्ग को प्रभावी रूप से बंद कर दिया था। इससे दुनिया भर में तेल और गैस की आपूर्ति पर असर पड़ा था। भारत में भी तेल और गैस के दाम में बढ़ोतरी हुई है। फिर से युद्ध शुरू होने पर यह संकट बढ़ सकता है।
पिछले महीने अमेरिका और ईरान के बीच समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर के बाद इस अहम जलमार्ग से कमर्शियल जहाजों की आवाजाही फिर से शुरू हुई है। हालांकि, पिछले सप्ताह इसके प्रबंधन को लेकर अमेरिका और ईरान सामने आए गए थे। इस दौरान ईरान ने कमर्शियल जहाजों को निशाना बनाया था, जिसके बाद अमेरिकी सेना ने ईरान पर बमबारी की थी। ईरान ने भी पलटवार करते हुए कतर और बहरीन समेत खाड़ी में मौजूद अमेरिकी ठिकानों पर मिसाइल और ड्रोन दागे थे।