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ईरान से डोनाल्ड ट्रंप की डील पर नया सर्वे, जानें राष्ट्रपति के कामकाज पर क्या सोचते हैं अमेरिकी


ईरान से लड़ाई और समझौते पर डोनाल्ड ट्रंप प्रशासन के रवैये से अमेरिकी नाखुश हैं। AP-NORC के नए पोल के मुताबिक, अमेरिकियों का बहुमत डोनाल्ड ट्रंप के ईरान से निपटने के तरीके को पसंद नहीं करता है। वहीं राष्ट्रपति के तौर पर ट्रंप की कुल लोकप्रियता स्थिर बनी हुई है। यह पोल बीते हफ्ते डोनाल्ड ट्रंप के ईरान के साथ एक समझौते का ऐलान करने के बाद किया गया था।
यह पोल दिखाता है कि ईरान के खिलाफ 28 फरवरी को शुरू की गई जंग अमेरिकियों के बीच लगातार अलोकप्रिय बनी हुई है। जंग से निपटने के डोनाल्ड ट्रंप के तरीके पर लोगों का समर्थन पार्टी लाइन पर बंटा हुआ है। अमेरिका के दो-तिहाई (65%) वयस्क ईरान मुद्दे पर ट्रंप को पसंद नहीं करते हैं। डेमोक्रेट और किसी दल से नहीं जुड़े हुए ज्यादातर लोग ट्रंप को गलत कह रहे हैं। वहीं 28% रिपब्लिकन ट्रंप से नाखुश हैं।
अमेरिकी ईरान युद्ध के समर्थन में नहीं- ईरान से निपटने के डोनाल्ड ट्रंप के तरीके पर अमेरिकियों की राय मोटे तौर पर उनके कुल कामकाज के प्रति समर्थन (37%) के अनुरूप है, जो मई के एसोसिएटेड प्रेस-NORC सेंटर फॉर पब्लिक अफेयर्स रिसर्च के पोल की तरह ही है। यह नया सर्वे 11-17 जून के बीच किया गया, जब ट्रंप ने ईरान के साथ एक समझौते की घोषणा की।
ईरान पर डोनाल्ड ट्रंप के कदमों को ज्यादा समर्थन नहीं है। खासतौर से समझौते को लेकर रिपब्लिकन भी नाखुश दिखे हैं क्योंकि इससे ईरान को तुरंत फायदा मिल रहा है। ईरान से बैन हटने की वजह से वह अपना तेल आजीदी से बेच सकेगा। साथ ही ईरान को युद्ध में हुए नुकसान के मुआवजे के तौर पर एक बड़ी रकम भी मिल जाएगी।
क्या कह रहे अमेरिकी – टेक्सास के फोर्ट वर्थ में रहने वाले 79 साल के रिपब्लिकन विचारधारा वाले निर्दलीय डेविड फैरिंगटन ईरान को पसंद नहीं करते हैं। उन्हें इस बात से निराशा है कि समझौता सिर्फ जलडमरूमध्य पर केंद्रित रहा और देश के परमाणु हथियार कार्यक्रम के बारे में अमेरिका को ज्यादा कुछ हासिल नहीं हुआ।
डेविड फैरिंगटन ने एपी से कहा, ‘होर्मुज जलडमरूमध्य से जुड़ा कोई भी समझौता ईरान की तरफ से कोई खास रियायत नहीं मानी जा सकती। इसलिए मैं इसे दिखावे की चीज मानता हूं, जिसका मकसद समझौते को असलियत से बेहतर दिखाना है। असल में यह कोई बहुत अच्छा समझौता बिल्कुल नहीं है।